
वॉइस ऑफ़ बहादुरगढ़ न्यूज़ :
करनाल।
हरियाणा बागवानी विभाग द्वारा आयोजित 4 आलू एक्सपो सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। यह दो दिवसीय कार्यक्रम राज्य के साथ अन्य राज्यों से आए प्रगतिशील किसानों, बीज उत्पादकों, वैज्ञानिकों, खरीदारों, विक्रेताओं और सार्वजनिक एवं निजी क्षेत्र की कंपनियों के उत्साहपूर्ण भागीदारी में आयोजित किया गया। इसका मुख्य उद्देश्य आलू उत्पादन में नवीन तकनीकों का प्रदर्शन, उच्च गुणवत्ता वाले बीज आलू को बढ़ावा देना और किसानों को बेहतर बाजार से जोड़ना है। एक्सपो के द्वितीय दिवस एवं समापन समारोह में हरियाणा सरकार के कृषि मंत्री श्री श्याम सिंह राणा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर विभागाध्यक्ष डा. अर्जुन सैनी ने पुष्प-गुच्छ व महानिदेशक डा. रणबीर सिंह ने स्मृति चिन्ह भेट किया और उन्हें केंद्र की विभिन्न गतिविधियों की जानकारी दी। समारोह के दौरान मंत्री ने सर्वप्रथम संस्थान में स्थापित अत्याधुनिक टिश्यू कल्चर प्रयोगशाला का निरीक्षण किया, जिसमें रोग-मुक्त एवं गुणवत्तायुक्त बीज आलू उत्पादन की प्रक्रिया को समझाया गया। इसके उपरांत उन्होंने एयरोपोनिक्स यूनिट का अवलोकन किया, जहां बिना मिट्टी के उन्नत तकनीक से बीज आलू उत्पादन की प्रक्रिया प्रत्यक्ष रूप से अवलोकन किया।कृषि मंत्री ने विभिन्न आलू किस्मों के प्रदर्शन प्रक्षेत्र (ट्रायल्स) का भी निरीक्षण किया, जिसमें कुल 16 विभिन्न किस्मों की उपज क्षमता, रोग प्रतिरोधकता और बाजार उपयोगिता पर चर्चा की गई। इसके अतिरिक्त उन्होंने नेट हाउस का अवलोकन कर संरक्षित खेती के माध्यम से बीज आलू उत्पादन की संभावनाओं पर जानकारी प्राप्त की। कार्यक्रम में मंत्री ने एक्सपो परिसर में स्थापित विभिन्न फर्मों के स्टॉल का भ्रमण किया, जहाँ सार्वजनिक और निजी कंपनियों द्वारा बीज, मशीनरी, तकनीकी सामग्री और अन्य कृषि उपकरण प्रदर्शित किए गए थे। उन्होंने स्टॉल संचालकों से संवाद कर तकनीकों की जानकारी ली और किसानों के हित में नवाचारों की सराहना की। इसके उपरांत मंत्री श्री श्याम सिंह राणा जी ने उपस्थित किसानों, खरीदारों और विक्रेताओं को संबोधित करते हुए इस पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह बैठक हरियाणा में उत्पादित उच्च गुणवत्ता वाले बीज आलू को देश के किसानों से जोडऩे का एक सशक्त माध्यम है और आलू बीज उत्पादन में हरियाणा एक उभरता अग्रणी कृषि राज्य बन रहा है। नई तकनीकों के माध्यम से हरियाणा ने बीज आलू उत्पादन में उल्लेखनीय प्रगति की है, जिससे किसानों की लागत कम हुई है और आप में वृद्धि हुई है। यह मंच किसानों और खरीदारों को सीधे जोडक़र बेहतर बाजार और उचित मूल्य सुनिश्चित करेगा।कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि भारत एक कृषि प्रधान देश है। कृषि क्षेत्र का विकसित भारत विकसित हरियाणा बनाने में अग्रीणय योगदान रहेगा और देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संकल्प पूरा होगा। उन्होंने कहा कि वर्ष 2014 के बाद नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश आगे बढ़ा है और कृषि क्षेत्र व किसानों का भी आगे बढ़ने का अवसर दिया है। उन्होंने कहा कि विकसित भारत का सपना तब साकार होगा जब हर क्षेत्र में विकास होगा। भारत सरकार इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार द्वारा 24 फसलों पर एमएसपी पर खरीदा जा रहा है। इसके अलावा बागवानी को बढ़ावा देने के लिए भावांतर भरपाई योजना चलाई जा रही है। उन्होंने कहा कि हरियाणा में कृषि, पशुपालन, मत्स्य पालन तथा बागवानी को बढ़ाया गया है। हरियाणा देश में मछली उत्पादन में दूसरे स्थान पर है। उन्होंने यह भी बताया कि सरकार द्वारा शहद का मूल्य 120 रुपये निर्धारित किया गया। उन्होंने आह्वान किया कि हर नागरिक स्वदेशी को अपनाए ताकि देश की अर्थव्यवस्था मजबूत हो सके। कार्यक्रम में अपने संबोधन के उपरांत मंत्री ने उत्कृष्ट कार्य करने वाले किसानों को सम्मानित किया, जिसमें 5 प्रगतिशील किसानों को आलू रत्न पुरस्कार प्रदान किया गया, प्रत्येक को 11,000/- की नकद राशि दी गई, और 11 किसानों को आलू सम्मान से सम्मानित किया गया, प्रत्येक को 5,100/- नकद राशि प्रदान की गई। इस अवसर पर यह भी अवगत कराया गया कि टिशू कल्चर प्रयोगशाला को 1 अक्टूबर 2025 को नई दिल्ली स्थित जैव प्रौद्योगिकी विभाग, भारत सरकार द्वारा विधिवत निरीक्षण के उपरांत मान्यता प्रमाणपत्र प्रदान किया गया। इस उपलब्धि पर मंत्री श्री श्याम सिंह राणा जी ने बागवानी विभाग एवं वैज्ञानिकों को बधाई दी और इसे हरियाणा के लिए गर्व का विषय बताया। यह मान्यता प्रयोगशाला की तकनीकी क्षमता, गुणवत्ता मानकों और अनुसंधान सुविधाओं की पुष्टि करती है। साथ ही, वर्ष 2024 में राज्य सरकार द्वारा हर आलू लोगों का ट्रेडमार्क पंजीकरण कराया गया है, जो बीज आलू की उच्च गुणवत्ता, शुद्धता और विश्वसनीयता का प्रतीक है। मंत्री ने कहा कि यह ब्रांड हरियाणा के बीज आलू को राष्ट्रीय स्तर पर विशिष्ट पहचान दिलाने में सहायक होगा।इस अवसर पर डॉ. अर्जुन सिंह सैनी (हेड ऑफ द डिपार्टमेंट, स्पेशल) ने माननीय मंत्री का हार्दिक अभिनंदन करते हुए स्वागत भाषण प्रस्तुत किया और विभागीय गतिविधियों का संक्षिप्त लेकिन स्पष्ट परिचय देते हुए बताया कि एक्सपो के दौरान बीज आलू क्रेता-विक्रेता बैठक का आयोजन किया गया है, जो किसानों और खरीदारों को सीधे जोड़ने और मूल्य संवर्धन के अवसर प्रदान करने का एक प्रभावी मंच साबित हो रहा है।कार्यक्रम के अंत में डॉ. रणबीर, निदेशक, बागवानी विभाग, हरियाणा ने उपस्थित सभी का धन्यवाद देते हुए मंत्री का आभार व्यक्त किया और एक्सपो की सफलता के लिए सभी किसानों, वैज्ञानिकों, अधिकारियों, प्रतिभागी फर्मों और आयोजक टीम को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि बागवानी विभाग भविष्य में भी इस प्रकार के आयोजनों के माध्यम से किसानों को नवीन तकनीकों, गुणवत्तायुक्त बीज और बेहतर बाजार उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयास करता रहेगा। चौथा आलू एक्सपो किसानों के लिए ज्ञान, तकनीक और बाजार को जोड़ने वाला एक प्रभावी मंच सिद्ध हुआ जिससे निश्चित रूप से आलू उत्पादन और किसानों की आय में वृद्धि होगी।

