एग्री स्टैक फार्मर आईडी को लेकर रविवार को भी लगेंगे कैम्प
एसडीएम डॉ रमन गुप्ता ने बादली क्षेत्र के किसानों से एग्रीस्टैक फार्मर आईडी बनवाने का किया आह्वान

वॉइस ऑफ़ बहादुरगढ़ न्यूज़: बादली(झज्जर)
बादली उपमंडल सहित जिलाभर में पिछले कई दिनों से डीसी स्वप्निल रविंद्र पाटिल के मार्गदर्शन में किसानों की एग्री स्टैक फार्मर आईडी बनाने का कार्य जोरों पर हैं। विभागीय अधिकारियों की टीमें गांव गांव पहुंचकर किसानों की आईडी बनाने का कार्य कर रही हैं। यह जानकारी बादली के एसडीएम डॉ रमन गुप्ता ने दी।
एसडीएम ने बताया कि रविवार को भी किसानों की आई डी बनाने का कार्य सुचारू रूप से चलेगा। यह आईडी
प्रत्येक किसान के लिए जरूरी है,इस आईडी के बनने के बाद ही सरकारी योजनाओं का लाभ मिलेगा।
उन्होंने कहा कि उपमंडल के किसान अपने गांवों में यह आईडी जल्द से जल्द बनवाकर विभागीय टीमों का सहयोग करें। दूसरे पडौसी किसानों को भी आईडी बनवाने के लिए प्रेरित करें। भविष्य में योजनाओं का लाभ एग्री स्टैक आईडी से ही मिलेगा। यह आईडी प्रत्येक किसान के लिए जरूरी है।
उन्होंने कहा कि अधिकारी सभी गांवों में शैड्यूल के अनुरूप एग्रीस्टैक आईडी जनरेट कराएं व साथ ही अधिकारी फार्मर आईडी कार्य की नियमित मानिटिरिंग करना सुनिश्चित करें। उन्होंने बताया कि शनिवार को गांव खेड़ी जट्ट में कार्यरत फॉर्मर आईडी कार्यक्रम के जिला नोडल अधिकारी भैया राम और तकनीकी अधिकारी डॉ रोहित की टीम ने एग्री स्टैक आईडी कैम्प का निरीक्षण किया और किसानों से आईडी बनवाने के लिए प्रेरित किया।
फार्मर आईडी से इन योजनाओं का मिलेगा लाभ
एसडीएम डॉ रमन गुप्ता ने कहा कि फार्मर आईडी बनाने का मुख्य मकसद किसानों की पहचान को सुरक्षित करने और उन्हें सरकारी सेवाओं के लाभ तक पहुंच प्रदान करना है। प्रत्येक किसान की एग्री स्टैक फार्मर आईडी हो,इसके लिए अधिकारी मिशन मोड में कार्य करें। उन्होंने बताया कि भविष्य में बैंक ऋण, पीएम किसान सम्मान निधि, क्षतिपूर्ति, खाद व बीज के अलावा कृषि अनुदान आधारित योजनाओं का लाभ आदि एग्री स्टैक फार्मर आईडी के माध्यम से दी जाएगी।
इन दस्तावेजों से बनेगी किसानों की फार्मर आईडी
डॉ रमन गुप्ता ने बताया कि एग्रीस्टैक आईडी बनवाने के लिए किसानों को मोबाईल नंबर से लिंक आधार कार्ड, पिछली फसल के लिए मेरी फसल मेरा ब्यौरा पंजीकरण की प्रति या जमीन से जुड़ी फर्द साथ लाना जरूरी है। एग्रीस्टैक आईडी के लिए किसान स्वयं भी पंजीकरण कर सकते हैं। उन्होंने बादली उपमंडल के किसानों से जल्द से जल्द फॉर्मर आईडी बनवाने का आह्वान किया है।

